साधुओं की पुलिस से बॉर्डर पर नोकझोंक, गंगाजल लेने हरिद्वार आ रहे थे, 10 पर केस

 

   


कांवड़ लेने हरिद्वार जा रहे 25 साधुओं की टोली को बालावाली-मंडावर बॉर्डर पर पुलिस ने रोक लिया। इस दौरान साधु भड़क उठे और उनकी पुलिस से तीखी नोकझोंक हुई। बाद में मौके पर पहुंचे एसओ ने साधुओं को कोरोना गाइडलाइन का हवाला देकर गंगाजल सौंपकर लौटाया।कोरोना के चलते सरकार ने कांवड़ यात्रा पर रोक लगाई है। क्षेत्र के सभी बॉर्डर पर दिन-रात पुलिस का कड़ा पहरा है। शनिवार तड़के उत्तर प्रदेश की ओर से बिजनौर क्षेत्र के रहने वाले 25 साधुओं की टोली चार ई-रिक्शा से बालावाली-मंडावर बॉर्डर पहुंची।पुलिसकर्मियों ने उन्हें कोविड गाइडलाइन का हवाला देते हुए लौटने की बात कही, लेकिन साधु हरिद्वार जाने की जिद करने लगे। सूचना पर खानपुर एसओ अभिनव शर्मा मौके पर पहुंचे और साधुओं से बातचीत की। एसओ ने बताया कि कोरोना के चलते सरकार ने कांवड़ यात्रा रद्द कर दी है।ऐसे में अगर उनको हरिद्वार जाने दिया गया तो और लोग भी कांवड़ लेने पहुंच सकते हैं। इससे कोरोना संक्रमण खतरा बढ़ेगा। इस पर साधु शांत हो गए। इसके बाद एसओ ने सभी साधुओं को गंगाजल देकर वापस भेज दिया।


गंगाजल लेने हरिद्वार जा रहे दस लोगों पर मुकदमा


मंगलौर में कांवड़ यात्रा पर प्रतिबंध के बावजूद हरिद्वार गंगाजल लेने जा रहे दस कांवड़ियों को पुलिस ने बॉर्डर पर ही हिरासत में ले लिया। पुलिस ने कावड़ियों के खिलाफ पुलिस एक्ट और आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर क्वारंटीन सेंटर भेज दिया है।शुक्रवार देर शाम नारसन बॉर्डर पर पुलिस ने चेकिंग अभियान चलाया था ताकि कोई भी कांवड़िया हरिद्वार गंगाजल लेने न जाने पाए। इसी दौरान एक ट्रक में दस लोग पहुंचे तो पुलिस ने पिकेट पर ही रोक लिया और वापस जाने का अनुरोध किया।लेकिन कांवड़िए हरिद्वार से गंगाजल लाने की जिद पर अड़ गए और जबरदस्ती प्रदेश की सीमा में घुसने की कोशिश करने लगे। इस पुलिस ने उनको हिरासत में ले लिया और कोतवाली ले आए। पुलिस ने कांवड़ियों के खिलाफ पुलिस एक्ट और आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।कोतवाली प्रभारी यशपाल सिंह बिष्ट ने बताया कि संजीव, अनिल, सुरेंद्र, राजेश, कृष्ण कुमार, सचिन कुमार निवासी झुंझुनू राजस्थान व सुरेंद्र, अमित, कुलदीप गौतम, अरुण निवासी हरियाणा के खिलाफ केस दर्ज कर उन्हें हरिद्वार स्थित क्वारंटीन सेंटर भेज दिया है। यदि कोई कांवड़िया प्रदेश की सीमा में घुसने का प्रयास करता है तो उसके खिलाफ जारी रहेगी।