उत्तराखंड-अलग-अलग ट्रेनों से दून पहुंचे 18 संक्रमित

  

अगर आप ट्रेनों में सफर करने की योजना बना रहे हैं तो जरा संभलकर! कारण कि रेलवे और स्वास्थ्य विभाग की तमाम कोशिशों के बावजूद ट्रेनों में कोरोना संक्रमित यात्रियों की संख्या दिनोंदिन बढ़ती जा रही है। देहरादून रेलवे स्टेशन पर दो दिन के भीतर 22 यात्रियों में संक्रमण पाया गया। रेलवे स्टेशन पर जांच के आंकड़ों पर नजर डालें तो पिछले 15 दिन के भीतर 180 से अधिक कोरोना संक्रमित यात्री विभिन्न ट्रेनों से देहरादून पहुंच चुके हैं। कोरोना संक्रमित यात्रियों में महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़,  गुजरात, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों के यात्री शामिल हैं।ऐसे में यदि ट्रेनों में संक्रमित यात्रियों को यात्रा करने पर पाबंदी ना लगाई गई तो आने वाले समय में यह आंकड़ा तेजी से बढ़ेगा। रेलवे स्टेशन पर जांच करने वाली निजी कंपनी के विशेषज्ञों का मानना है कि संक्रमित यात्रियों द्वारा ट्रेनों में टॉयलेट और अन्य चीजों को इस्तेमाल करने से बाकी संक्रमित होने का बड़ा खतरा है। रेलवे स्टेशन पर उतरने वाले संक्रमित यात्रा अस्पताल जाने के बजाय ऑटो, विक्रम या फिर सिटी बस पकड़कर अपने अपने गंतव्य को जा रहे हैं। ऐसे में संक्रमित यात्रियों की वजह से ऑटो, विक्रम और सिटी बस चालकों-परिचालकों के भी संक्रमित होने का खतरा मंडरा रहा है। ऐसे में तत्काल एहतियाती कदम उठाने की जरूरत है। 

सचिवालय में बाहरी लोगों का प्रवेश प्रतिबंधित करने की मांग

उत्तराखंड सचिवालय संघ ने मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को ज्ञापन भेजकर मांग की है कि कोरोना संक्रमण की बढ़ोतरी के बीच सचिवालय परिसर में बाहरी लोगों के आवागमन को प्रतिबंधित किया जाए। उन्होंने यह भी मांग की है कि कर्मचारियों को 50 फीसदी उपस्थिति के साथ काम करने का मौका दिया जाए। सचिवालय संघ के अध्यक्ष दीपक जोशी और महासचिव विमल जोशी ने पत्र के माध्यम से कहा कि राजधानी में कोरोना संक्रमण तेजी से बढ़ता जा रहा है।कर्मचारियों की सुरक्षा के मद्देनजर उनकी उपस्थित 50 फीसदी पूर्व की भांति की जाए। उन्होंने सीएम से यह भी मांग की है कि सचिवालय में बाहर से आने-जाने वाले लोगों पर प्रतिबंध लगाया जाए। ताकि यहां के कर्मचारी और अधिकारी कोरोना संक्रमण से बच सकें।


Sources:AmarUjala