24 घंटे में कोरोना से ठीक हुए उत्तराखंड में 8731 मरीज,3626 मिले नए संक्रमित,70 मरीजों की हुई मौत

उत्तराखंड में बीते दिनों से कोरोना संक्रमितों की तुलना में ठीक होने वाले मरीजों की संख्या ज्यादा है। 24 घंटे में 70 मरीजों की मौत हुई और 3626 नए संक्रमित मिले हैं। जबकि 8731 मरीजों को ठीक होने के बाद डिस्चार्ज किया गया। देहरादून व हरिद्वार जिले में अस्पतालों ने 46 पुराने कोरोना मरीजों की मौत की रिपोर्ट विभाग को दी है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, शुक्रवार को 38810 सैंपलों की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है। देहरादून जिले में 699, नैनीताल में 555, हरिद्वार में 535, ऊधमसिंह नगर में 383, चमोली में 238, बागेश्वर में 215, रुद्रप्रयाग में 193, पिथौरागढ़ में 178, अल्मोड़ा में 187, टिहरी में 129, उत्तरकाशी में 89, पौड़ी में 177 और चंपावत जिले में 48 कोरोना संक्रमित मिले हैं। प्रदेश में 24 घंटे में 70 कोरोना मरीजों ने दम तोड़ा है। वहीं, देहरादून व हरिद्वार जिले के अस्पतालों ने कुछ दिनों पहले हुई 46 कोरोना मरीजों की मौत की सूचना दी है। प्रदेश में मौत का आंकड़ा 5600 पहुंच गया है। वहीं, 8731 मरीजों को डिस्चार्ज किया गया। इन्हें मिला कर 233266 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। वर्तमान में 63373 सक्रिय मरीजों का अस्पतालों व होम आइसोलेशन में इलाज चल रहा है।45 से अधिक आयु वर्ग के लिए पहुंची वैक्सीन की एक लाख डोज प्रदेश में 45 से अधिक आयु वर्ग के लिए एक लाख कोविशील्ड वैक्सीन की खेप शुक्रवार को उत्तराखंड को मिल गई है। इससे राज्य को थोड़ी से राहत मिली है। वहीं, इस आयु वर्ग के लिए जून में साढ़े चार लाख से ज्यादा टीके राज्य को मिलेंगे। जबकि 18 से 44 आयु वर्ग के लिए केंद्र 1.40 लाख वैक्सीन की केंद्र से अनुमति मिल गई है। ये टीके दो-तीन दिन के भीतर प्रदेश को मिलने की संभावना है। प्रदेश में कोविड वैक्सीन खत्म होने से 45 से अधिक आयु के लोगों को पहला व दूसरा टीका लगाने का काम बंद हो गया था। शुक्रवार को केंद्र सरकार ने करनाल स्टोर से कोविशील्ड की एक लाख डोज भेजी है। जो 45 से अधिक आयु वर्ग के लोगों को लगाई जाएगी। टीके की खेप देहरादून पहुंचने के लिए बाद सभी जिलों को भेजी दी गई है। राज्य प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. कुलदीप सिंह मार्तोलिया ने बताया कि एक लाख वैक्सीन की खेप मिलने के बाद जिलों को वितरित कर दी गई है।राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की निदेशक डॉ. सरोज नैथानी का कहना है कि 45 से अधिक आयु वर्ग के लिए जून में चार लाख 52 हजार वैक्सीन की डोज मिलेगी। इसके लिए केंद्र से अनुमति पत्र मिल गया है। इसमें 269400 वैक्सीन केंद्र की ओर से दी जाएगी। जबकि 183100 वैक्सीन क्रय की जाएगी। वहीं,18 से 44 आयु वर्ग के लिए 1.40 लाख वैक्सीन देेने का केंद्र से पत्र मिला गया है। इस वर्ग की वैक्सीन दो-तीन दिन के भीतर मिलने की संभावना है।केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान के भाई का निधन अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान एम्स (ऋषिकेश) में भर्ती केंद्रीय मंत्री संजीव कुमार बालियान के तहेरे भाई राहुल बालियान (60) का शुक्रवार को निधन हो गया। केंद्रीय राज्यमंत्री संजीव कुमार बालियान प्रशासन की अनुमति के बाद कोविड नियमों के साथ भाई के पार्थिव शरीर को लेकर पैतृक गांव कुटबी मुज्जफरनगर लेकर चले गए। 18 मई को उनके चचेरे भाई जितेंद्र कुमार बालियान ने भी एम्स में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया था। वह भी कोरोना संक्रमित थे।एम्स ऋषिकेश के जनसंपर्क अधिकारी हरीश मोहन थपलियाल ने बताया कि केंद्रीय राज्यमंत्री संजीव बालियान के बड़े भाई राहुल बालियान की संस्थान में उपचार के दौरान मौत हो गई। उनको 30 अप्रैल को संस्थान में भर्ती कराया गया था। वह गंभीर कोविड निमोनिया और टाइप दो डायबिटीज से ग्रस्त थे। वह वेंटिलेटर सपोर्ट पर थे।उन्होंने बताया कि इससे पहले 18 मई को केंद्रीय मंत्री बालियान के चचेरे भाई जितेंद्र कुमार बालियान (52 वर्ष) की भी उपचार के दौरान मौत हुई थी। वह भी कोविड निमोनिया से ग्रस्त थे। उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने केंद्रीय राज्य मंत्री के भाई के निधन पर शोक जताया है। उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति की प्रार्थना करते हुए शोक संतप्त परिजनों के प्रति अपनी सांत्वना व्यक्त की है। नड्डा ने संगठन से जाना उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण का हाल भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने शुक्रवार को वर्चुअल माध्यम से उत्तराखंड में कोविड-19 महामारी में पार्टी के सेवा कार्यों और संक्रमण की स्थिति की रिपोर्ट ली।प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक ने कहा कि अब स्थिति में सुधार है। संक्रमण के केस कम हो रहे हैं और जरूरी संसाधन भी जुटा लिए गए हैं। संगठन कोविड और असमय आ रही आपदाओं से निपटने के लिए दिन-रात जुटा हुआ है। कोविड ग्रामीण क्षेत्रों में फैल रहा है। इसके लिए प्रदेश में पार्टी के सातों मोर्चों को सक्रिय किया गया। 12 दिन का एक कार्यक्रम बनाया गया। ोविड के साथ प्रदेश में असमय बादल फटने की घटनाओं से प्रभावित लोगों की मदद के लिए कार्यकर्ताओं द्वारा लोगों के घरों और शिशु मंदिरों को खोलकर पीड़ितों को भोजन व्यवस्था से लेकर अन्य जरूरी सामान के वितरण की व्यवस्था बनाई गई। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की मदद से सेवा कार्यों को विस्तृत किया गया है। सातों मोर्चों की मदद से आपदा राहत कार्यों की मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी प्रदेश महामंत्री सुरेश भट्ट को सौंपी गई है। कौशिक ने बताया कि प्रदेश में सरकार ने गांव स्तर पर मोबाइल टीमों का गठन किया है। इनके माध्यम से आरटीपीसीआर और रेपिड टेस्ट के सैंपल गांवों में ही लेने की व्यवस्था की गई है। कार्यकर्ताओं द्वारा सैनिटाइजर, मास्क और जरूरी दवाइयों का वितरण स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर किया जा रहा है। जहां पर जरूरी है वहां पर ब्लड कैंप और ऑक्सीजन सिलिंडर भी पहुंचाने के कार्य किए जा रहे हैं। दवा से लेकर ऑक्सीजन, बेड और वैक्सीनेशन तक स्थिति सामान्य होने की ओर है। संसाधन भी बढ़ाये गए हैं।उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने कुंभ और सनातनियों को बदनाम करने की कोशिश की, लेकिन उनको संत समाज ने कड़ी चेतावनी दी। जनता के बीच सेवा कार्यों की भाजपा की नसीहत के बाद ही विपक्ष सेवा कार्यों में नजर आया, लेकिन इससे पहले वह कोरोना से निपटने में बेहतर कार्य कर रही है। कौशिक ने राज्यसभा सांसद व राष्ट्रीय मीडिया प्रमुख अनिल बलूनी व नरेश बंसल के द्वारा दिए जा रहे सहयोग की भी सराहना की।बैठक में राष्ट्रीय महामंत्री एवं उत्तराखंड प्रभारी दुष्यंत कुमार गौतम, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सह प्रभारी रेखा वर्मा, प्रदेश महामंत्री संगठन अजेय कुमार, राज्य सभा सांसद अनिल बलूनी व नरेश बंसल ने भाग लिया। बैठक का संचालन राष्ट्रीय महामंत्री दुष्यंत कुमार गौतम ने किया। Sources:AmarUjala