अंतरराष्ट्रीय बॉक्सर कैप्टन धरम चंद का निधन


अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत के लिए कांस्य पदक हासिल करने वाले बॉक्सर कैप्टन धरम चंद का निधन हो गया है। उनके निधन पर जिले भर के खेल प्रेमियों में शोक की लहर है। मूलरूप से बर्तियाकोट के रहने वाले अंतरराष्ट्रीय बॉक्सर कैप्टन धरम चंद का जन्म 19 जून 1954 को हुआ था।


उनका बचपन से ही खेल के प्रति लगाव रहा। उन्होंने बॉक्सिंग में अपना कॅरिअर बनाने का निर्णय लिया। 17 मार्च 1972 में धरम चंद भारतीय सेना की पैराशूट रेजीमेंट में भर्ती हुए और एक फरवरी 1997 तक उन्होंने सेना में अपनी सेवाएं दीं। वह सूबेदार मेजर ऑनरेरी कैप्टन के पद से सेवानिवृत्त हुए थे।
भारतीय सेना में रहते हुए उन्होंने सीनियर राष्ट्रीय प्रतियोगिता में 1979 में संगरूर पंजाब, 1980 में अहमदाबाद, 1982 में नई दिल्ली और 1981 ऑल इंडिया वाईएमसीए नई दिल्ली में स्वर्ण पदक जीता।
1982 नई दिल्ली में नवें एशियन गेम्स और 1982 सियोल में दसवीं एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में प्रतिभाग किया लेकिन पदक से चूक गए। 1982 में उन्होंने बैंकाक में आठवीं किंग्स कप बॉक्सिंग चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतकर अपना सपना पूरा किया। 


नैनीसैनी में युवाओं को देते थे बॉक्सिंग का प्रशिक्षण
कैप्टन धरम चंद वर्तमान में वह अपने परिवार के साथ नेड़ा में रहते थे और नैनीसैनी में युवाओं को बॉक्सिंग का प्रशिक्षण दे रहे थे।  जिला क्रीड़ाधिकारी संजीव पौरी ने बताया कि बॉक्सिंग से उन्हें बढ़ा लगाव था।


उनके निधन पर कै.चंद के निधन पर जिला ओलंपिक संघ के अध्यक्ष महेंद्र सिंह लुंठी, क्रीड़ा पथ पुस्तक के लेखक राजेश मोहन उप्रेती, विधायक बिशन सिंह चुफाल, विधायक चंद्रा पंत, जिला पंचायत अध्यक्ष दीपिका बोहरा, पालिकाध्यक्ष राजेंद्र रावत आदि ने दुख जताया।


 


Sources:Agency News