कांवड़ यात्रा पर रोक लेकिन पुलिस को चकमा देकर गंगोत्री धाम से गंगाजल ला रहे हैं कांवड़िए

 

 



वैश्विक महामारी कोरोना संक्रमण को दृष्टिगत रखते हुए प्रदेश सरकार ने कांवड यात्रा पर पूरी तरह रोक लगा रखी है। पुलिस प्रशासन की ओर से भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है।  लेकिन उसके बाद भी राजस्थान, हरियाणा सहित विभिन्न प्रदेशों व जनपदों से आने वाले कांवडिये जल भरने के लिए गंगोत्री धाम पहुंचे रहें है। धराली के पास से जल लाने वाले कांवड़ियों का पुलिस ने चालान कर दिया। श्रावण मास प्रारंभ होते ही गंगोत्री धाम व गोमुख में महीने भर पहले ही  कांवड़ियों का आना शुरू हो जाता है। जिसमें भारी संख्या में कांवड़िए दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान, पंजाब, बिहार, उड़ीसा, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश आदि राज्यों से उत्तराखंड में गंगाजल लेने पहुंचते हैं।लेकिन  कोरोना की तीसरी लहर के बीच प्रदेश सरकार ने कांवड यात्रा को भी पाबंद किया है। वहीं पाबंदी के दौरान कोई भी कांवड़िये जल भरने के लिए हरिद्वार, गंगोत्री व गोमुख न पहुंच पाए। इसके लिए पुलिस महानिदेशक उत्तराखंड अशोक कुमार ने इंफोर्समेंट टीम भी  गठित भी की है। वहीं यदि कोई कांवडिया आ भी गया तो उसे क्वारंटीन किया जायेगा। लेकिन शनिवार को उत्तरकाशी में यह आदेश उस वक्त  तार-तार होते दिखाई दिए जब राजस्थान के पांच कावंडिये गंगोत्री से जल भरने के बाद अपने उत्तरकाशी बाजार होते हुए अपने गंतव्य को जा रहे थे। इनको न तो किसी पुलिस ने रोका और न ही इन्हें कहीं क्वारंटीन किया गया। इस सभी लोग सवाल उठा रहे थे।अगर कांवड़ियों को रोका नहीं गया तो इसके काफी नुकसान हो सकता है। क्योंकि इससे कोरोना फैलने का खतरा बढ़ जाता है। वहीं दूसरी ओर उत्तरकाशी जीप कमांडर सूमो मैक्स, टैम्पो ट्रैवलर एवं चालक मालिक कल्याण समिति के अध्यक्ष पुष्कर सिंह मलोड़ा ने बताया कि पुलिस उनके यूनियन के वाहनों को धराली हर्षिल के पास रोक दे रही है। वहीं हरियाणा, व राजस्थान सहित बाहरी प्रदेशों से आने वाली गाड़िया गंगोत्री धाम पहुंच रही है। बाद में पुलिस ने जल लाने वाले कांवड़ियों का चालान किया।कांवडियों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगाई गई है, यदि इसके बाद भी कोई कांवडिये चोरी छिपे जिले में प्रवेश कर पहुंचा है तो इस पर तत्काल कार्रवाई की जायेगी

मणिकांत मिश्रा,एसपी उत्तरकाशी