उच्च हिमालयी क्षेत्रों के लिए उड़ान भरेगा हेलीकॉप्टर

 


  सीमांत में आपदा के बाद अलग-थलग पड़े दारमा और व्यास क्षेत्र के साथ उच्च हिमालयी इलाकों के लिए हेलीकॉप्टर की पेड सेवा शुरू हो गई है। इसका लाभ उठाने के लिए सामान्य लोगों को अब तीन हजार रुपये प्रति व्यक्ति किराया चुकाना होगा।गुरुवार को प्रशासन ने उच्च हिमालयी क्षेत्रों के लिए संचालित हेली सेवा के लिए किराया निर्धारित किया। अब केवल मरीजों को ही हेली सेवा का नि:शुल्क लाभ मिलेगा। एसडीएम अनिल कुमार शुक्ला ने बताया कि हेली सेवा के लिए तीन हजार रुपये प्रति व्यक्ति किराया तय किया गया है। इसके लिए हेलीपैड में काउंटर खोलकर कर्मचारी की तैनाती कर दी गई है।गुरुवार शाम मौसम खुलने के बाद 16 लोगों को हेलीकॉप्टर धारचूला लाया।  पांगु और नांगलिग के लिए चार दिन से अधिक समय बाद गुरुवार शाम मौसम खुला तो हेलीकॉप्टर ने उड़ान भरी। इस दौरान 16 लोगों का रेस्क्यू किया गया। इनमें छह बीमार लोग रहे और 10 लोग सामान्य थे। सामान्य लोगों से तीन हजार प्रति व्यक्ति किराया लिया गया।मौसम की खराबी और पैदल मार्ग ध्वस्त होने से एक किडनी रोगी पांच दिन तक घर पर ही तड़पता रहा। दारमा घाटी के नांगलिग निवासी आमोद नगन्याल को किडनी संबंधी समस्या है। कुछ दिन पहले उन्होंने एसडीएम को वी-सेट से संपर्क कर बताया कि उन्हें ऑपरेशन के लिए दिल्ली जाना है। लेकिन बारिश होने से उन्हें हेली सेवा का लाभ नहीं मिला। गुरुवार को मौसम ठीक होने पर रेस्क्यू कर उन्हें धारचूला लाया गया। फिलहाल स्थानीय अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है।

Sources:Hindustansamachar