2021 : 31 जनवरी की तय डेडलाइन तक पूरे होंगे 95 फीसदी कुंभ कार्य



  मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने महाकुंभ कार्यों के लिए 31 जनवरी की डेडलाइन तय की है। लोक निर्माण विभाग के अधिकांश अस्थायी और स्थायी कार्य पूरे होने वाले हैं। दो कार्य बचे हैं उनको भी विभाग ने 31 जनवरी तक पूरा करने का दावा किया है। वहीं उत्तराखंड सिंचाई विभाग के कई कार्य फरवरी के मध्य में ही पूरे हो पाएंगे। कुंभ योजना के तहत स्थायी पुलों और एक कॉजवे के निर्माण को स्वीकृति मिली थी। इनमें से बस्तीराम पाठशाला, दक्ष द्वीप, विश्व कल्याण आश्रम, मातृसदन, भेल मध्य मार्ग, धनौरी पुल और खड़खड़ी कॉजवे का निर्माण कार्य पूरा हो गया है।अब इन पुलों पर पेंटिंग आदि के कार्य चल रहे हैं। सिडकुल फोर लेन रोड का नवीनीकरण कार्य विभाग पूरा कर चुका है। अस्थायी कार्यों के तहत गौरीशंकर, नीलधारा, चंडीपुल, बड़ा अखाड़ा, आनंद वन समाधि का निर्माण होना था। ये सभी अस्थायी पुल तैयार कर दिए गए हैं। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता दीपक कुमार ने बताया खड़खड़ी पुल और शहर की सड़कों के डामरीकरण का कार्य 31 दिसंबर तक पूरा हो जाएगा। कुंभ योजना से सात नए घाटों, हरिद्वार और ऋषिकेश में आस्था पथ, रानीपुर झाल पुल का निर्माण को शासन की मंजूरी मिली थी। इसके अलावा सिडकुल धनौरी मार्ग का निर्माण और घाटों के मरम्मत संबंधी कार्य भी होने थे। 

सातों घाटों का निर्माण कार्य पूरा

उत्तराखंड सिंचाई विभाग ने सातों घाटों का निर्माण कार्य पूरा कर लिया है। विभाग ने हरिद्वार आस्था पथ और रानीपुर झाल पुल का कार्य 31 जनवरी तक पूरा करने का दावा किया है। उत्तराखंड सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता डीके सिंह ने बताया कि सिडकुल धनौरी मार्ग को लेकर मामला न्यायालय में जाने से चार माह तक निर्माण कार्य अधर में लटका रहा।उन्होंने बताया कि 15 फरवरी तक ही सड़क का निर्माण हो पाएगा। डीके सिंह ने बताया कि ऋषिकेश में आस्था पथ तैयार होने में 15 फरवरी तक समय लग जाएगा। उन्होंने यह भी बताया हरकी पैड़ी, अपर गंगा कैनाल के में चेन, रेलिंग और घाटों की टाइल लगाने की योजना का शासनादेश अभी तक जारी नहीं हुआ है।उन्होंने बताया कि इसी सप्ताह होने की संभावना है। ऐसे में यह कार्य भी फरवरी तक ही पूरे होंगे। अधिशासी अभियंता ने बताया बताया कि हरकी पैड़ी, गौरीशंकर और कनखल में सड़क निमार्ण और नवीनीकरण कार्य 25 जनवरी तक पूरे कर लिए जाएंगे। वहीं मायापुर एस्केप चैनल में टाइल, चेन और रेलिंग की बदलने के काम पूरा करने के लिए 31 जनवरी की डेडलाइन तय की गई है।

हाईवे पर ये काम हुए पूरे, ये हैं अधूरे

हरिद्वार-दिल्ली नेशनल हाइवे पर ओल्ड सप्लाई पुल, न्यू सप्लाई पुल, भीमगोड़ा पुल, चंडीचौक फ्लाईओवर, मायापुरी फ्लाईओवर, ज्वालापुर फ्लाईओवर, ज्वालापुर आरओबी (एक साइड) को निर्माण के बाद यातायात के लिए खोल दिया गया है।सीसीआर, ओल्ड सप्लाई और रतमऊ के पुराने पुलों की मरम्मत हो चुकी है। हाईवे निर्माण की कार्यदायी संस्था सैम इंडिया के परियोजना प्रबंधक अजय शर्मा ने बताया कि प्रेमनगर फ्लाईओवर और सिंहद्वार पुल 15 फरवरी तक पूरा होगा। लेकिन फ्लाईओवर की एक साइड 26 जनवरी को यातायात के लिए खोल दी जाएगी।उन्होंने बताया कि कोर कॉलेज अंडर पास 27 जनवरी तक बनकर तैयार हो जाएगा। 30 जनवरी तक ज्वालापुर आरओबी की दूसरी साइड यातायात की आवाजाही शुरू हो जाएगी। जबकि पुराने आरटीओ चौक से शांतिकुंज का एलिवेटेड रोड कुंभ से पहले नहीं बन पाएगी।


31 से पहले हट जाएगा तारों का जाल


ऊर्जा निगम के अधिशासी अभियंता पवन सिंह ने बताया कि 33 केवी 100 फीसदी, 11 केवी 99 फीसदी और एलटी भूमिगत विद्युत लाइन का 70 फीसदी कार्य पूरा कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि बड़ी तेजी से 33 और 11 केवी के खंभों को हटाने और एलटी लाइन के खंभों से तारों को हटाने का काम किया जा रहा है। पवन सिंह ने बताया कि 31 जनवरी तक यह काम पूरा कर लिया जाएगा।



Sources:AmarUjala