जालसाजों के हाथों लुट रहे बेरेजगार,आईआरसीटीसी में नौकरी दिलाने के फर्जीवाड़े की खुली पोल,लखनऊ व बलिया सहित कई जिलों में फैला है फर्जीवाड़ेे का जाल

लखनऊ / कोरोना के इस दौर में जबकि निजी क्षेत्रों में रोजगार का संकट बढ़ रहा है। कई ठग बेरोजगारों को अपना निशाना बनाने के लिए सक्रिय हो गए हैं। अब बलिया सहित कई जिलों में भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी ) में नौकरी दिलाने का फर्जीवाड़ा कर रहे हैं। यह युवक लखनऊ आकर भटक रहे हैं।
मामला बलिया जिले के रहने वाले चंदहास मौर्य का है। इस युवक को इसके ही पड़ोसी संतोष ने आईआरसीटीसी में ग्रुप सी में सुपरवाइजर के पद पर भर्ती कराने का झांसा दिया। संतोष ने बताया कि उसका दोस्त सलीम की आईआरसीटीसी में पहचान है। वह सीधे यहां भर्ती करा सकता है। बस उसके लिए 20 हजार रुपए देना होगा। चंदहास के परिवारी जनों ने 20 हजार रुपए दे दिए। जालसाज सलीम ने चंदहास को 13 मई को लखनऊ बुलाया। यहाँ लखनऊ जंक्शन पर उसने चंदहास को एक फर्जी नियुक्ति पत्र और पहचान पत्र दिया। यह भी कहा कि 25 मई को नौकरी जॉइन करना है। चंदहास 25 मई को लखनऊ आये तो यहां फर्जी नियक्ति पत्र देकर कहा कि 27 मई को आकर जॉइन कर लेना।
चंदहास दोबारा लखनऊ आये तो इस बार सलीम ने फोन उठाना बन्द कर दिया। परेशान चंदहास को यहां कमसम रेस्त्रां पर आईआरसीटीसी लिखा हुआ दिखाई दिया।।जिसके बाद उसने यहां मौजूद मैनेजर निर्भय से संपर्क किया। निर्भय ने आईआरसीटीसी के अधिकारियों से चंदहास का संपर्क कराया। तब पता चला कि यह बड़ा फर्जीवाड़ा है।।आये दिन फर्जी नियुक्ति पत्र और पहचान पत्र के साथ लोग आ रहे हैं। जालसाज उनसे 50 से 60 हजार रुपए तक वसूल रहे हैं। Sources:AmarUjala जेएनएन। क