किसान महापंचायत में उमड़ी भीड़, आर-पार की लड़ाई का ऐलान

 

 उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में किसान महापंचायत शुरू हो गई है। शहर के राजकीय इंटर कॉलेज के मैदान में भारतीय किसान यूनियन ने महापंचायत के लिए मंच बनाया है। इसमें हिस्सा लेने के लिए बड़ी संख्या में किसान पहुंचे हैं। तीनों कृषि कानून को लेकर किसानों ने अब आर-पार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। महापंचायत को लेकर उत्तर प्रदेश की पुलिस हाई अलर्ट पर है। सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं। किसी भी स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है।किसान ट्रैक्टर परेड के दौरान गणतंत्र दिवस के दिन दिल्ली में हुई हिंसा के बाद भारतीय किसान यूनियन ने आगे की रणनीति बनाने के लिए यह महापंचायत बुलाई है। नरेश टिकैत की अपील के बाद से ही बड़ी संख्या में किसानों का जत्था यहाां पहुंचने लगा था। ट्रैक्टर पर भारत का तिरंगा और भाकियू का झंडा लगाए किसान राजकीय इंटर कॉलेज के मैदान पहुंचे।मुजफ्फरनगर में हो रही किसान महापंचायत में किसानों का सैलाबउमड़ पड़ा है। नरेश टिकैत की अपील पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश समेत दूसरे राज्यों के किसान भी इस महापंचायत में हिस्सा लेने के लिए पहुंचे हैं। किसानों का कहना है कि अब हम तीनों कृषि कानूनों को लेकर आर-पार की लड़ाई के लिए तैयार हैं।केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों के प्रदर्शन के मद्देनजर उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में धारा 144 लागू कर सीमाएं सील कर दी गई हैं। एक पुलिस अधिकारी ने शुक्रवार को बताया कि गाजीपुर-दिल्ली सीमा पर धरना को गैरकानूनी घोषित किए जाने के कारण वहां किसी को भी जाने की इजाजत नहीं होगी।बिजनौर के पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह ने बताया कि गाजीपुर-दिल्ली सीमा पर किसानों के धरना स्थल को अवैध घोषित कर दिया गया है। इसलिए जिले में धारा 144 लागू कर सीमाएं सील कर दी गई हैं। उन्होंने बताया कि ट्रैक्टर समेत दोपहिया और चार पहिया वाहनों को जनपद की सीमा से गाजीपुर की ओर जाने की इजाजत नहीं है। आदेश का पालन नहीं करने पर पुलिस को सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।कृषि कानूनों के खिलाफ उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में किसान महापंचायत शुरू हो गई है। इसमें बड़ी संख्या में किसान हिस्सा ले रहे हैं। किसान आंदोलन के लिए आगे की रणनीति पर इस महापंचायत में चर्चा होने की संभावना है।