दूसरी बार राम रहीम हत्यारा करार, रणजीत सिंह हत्याकांड में 12 अक्टूबर को होगा सजा का ऐलान

 

 



डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को एक और मामले में दोषी पाया गया है। पंचकुला की सीबीआई अदालत ने 2002 में डेरा मैनेजर रणजीत सिंह की हत्या के मामले में गुरमीत राम रहीम समेत 5 लोगों को दोषी पाया है। सजा 12 अक्टूबर को सीबीआई की विषेष अदालत द्वारा सुनाई जाएगी। राम रहीम को 302 यानी हत्या और 120बी यानी कि आपराधिक साजिश रखने का दोषी पाया गया है। दोषियों में गुरमीत राम रहीम, तत्कालीन डेरा प्रबंधक कृष्ण लाल, अवतार, जसबीर और सबदिल शामिल हैं।बता दें कि 2002 में कुरुक्षेत्र के पास रणजीत सिंह की उनके गांव में हत्या की गई थी। रणजीत सिंह डेरा के साथ जुड़े हुए थे और मैनेजर के पद पर काम कर रहे थे। लेकिन जिस डेरा अनुयायी ने ये आरोप लगाया था कि गुरमीत राम रहीम ने उनके साथ बलात्कार किया है। इस आरोप के बाद रणजीत सिंह ने राम रहीम पर लगे इस आरोप के बाद डेरा को छोड़ दिया था। गुरमीत राम रहीम ने बड़ी कोशिश की कि रणजीत सिंह वापस आ जाए। लेकिन जब वो नहीं आया तो उसकी हत्या उसके गांव में ही करवा दी गई। जिसके बाद परिवार ने केस लड़ा और पंजाब व हरियाणा हाई कोर्ट ने सीबीआई को जांच सौंप दी थी। एसपी डागर ने मामले को आगे बढ़ाया और डेरा के खिलाफ जांच की। रेप और हत्या के दो अलग अलग मामलों में गुरमीत राम रहीम पहले से ही उम्रकैद की सजा काट रहा है। उसे 25 अगस्त 2017 को पंचकूला की अदालत में पेश किया गया था। सीबीआई की विशेष अदालत ने दोषी करार देते हुए गुरमीत को सुनारियां जिला जेल में भेज दिया था।