चिताओं के लिए दिल्ली के श्मशानों में हुई लकड़ी कमी, मेयर ने सीएम को लिखा पत्र

  


कोविड-19 से मौत के मामलों में तेजी से हो रही वृद्धि के कारण दिल्ली नगर निगमों द्वारा संचालित श्मशान घाटों में चिता की लकड़ियों की कमी के बीच उत्तरी दिल्ली के महापौर जय प्रकाश ने बुधवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से अनुरोध किया कि वह वन विभाग को इन श्मशानों में लकड़ियों की सुगम आपूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दें।राजधानी दिल्ली में अप्रैल में अब तक 4,063 कोविड-19 रोगियों की मौत हो चुकी है। इनमें से 2,500 से अधिक लोगों की मौत बीते सात दिन में हुई हैं। फरवरी में 57, जबकि मार्च में 117 रोगियों की मौत हुई थी।प्रकाश ने केजरीवाल को चिट्ठी में लिखा कि आपसे अनुरोध है कि वन विभाग को बिना किसी रुकावट के इन श्मशानों में लकड़ी की आपूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दें। जय प्रकाश ने पत्र में लिखा कि कृपा करके वन विभाग को उचित निर्देश दें ताकि श्मशान घाट निर्बाध तरीके से अपना काम जारी रख सकें और शोकाकुल परिवारों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो। गौरतलब है कि कोरोना महामारी के इस दौर में आज लोगों को अपने टेस्ट कराने से लेकर ऑक्सीजन और आईसीयू बेड तक के लिए काफी जद्दोजहद करनी पड़ रही है। हालात इतने बदतर हो चुके हैं कि इलाज के अभाव में दम तोड़ रहे हैं लोगों के अंतिम संस्कार के लिए भी लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। इस पर श्मशान घाटों में लड़की की कमी ने स्थिति और चिंताजनक बना दी है। कोविड-19 महामारी की सेकेंड वेव में न केवल अस्पताल, बल्कि श्मशान घाट तक फुल हो गए हैं और वहां पैर रखने तक की जगह नहीं बची है। अंतिम संस्कार के लिए आ रहे शवों की संख्या इतनी ज्यादा है कि श्मशानों को उनके अंतिम संस्कार के लिए अतिरिक्त चबूतरे बनाने पर पड़ रहे हैं।